हिसार में अस्पताल के कंपाउंडर का अपहरण, मारपीट कर लूटपाट, डाबड़ा चौंक पर आधार अस्पताल का एड्रेस पूछने के बहाने किया अपहरण
Hospital compounder kidnapped, beaten and robbed in Hisar - Hisar News Today
आधार अस्पताल का एड्रेस पूछने के बहाने बुलाया गाड़ी के पास
हरियाणा न्यूज हिसार : हिसार के Goyal Hospital में कंपाउंडर की नौकरी करने वाले अजय नाम के एक युवक का डाबड़ा चौक के नजदीक से गाड़ी सवार ने अपहरण कर लिया। अपहरणकर्ताओं ने कंपाउंडर के साथ मारपीट की और उससे लूटपाट करने के बाद गंगवा गांव के बस स्टैंड के पास छोड़कर फरार हो गए। हिसार पुलिस ने कंपाउंडर की शिकायत पर गाड़ी सवार बदमाशों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
महाबीर कॉलोनी ( mahabir colony Hisar ) के रहने वाले 21 वर्षीय अजय ने बताया कि वह हिसार के गोयल हॉस्पिटल में कंपाउंडर की नौकरी करता है और रात को छुट्टी करने के बाद हर रोज अपने दोस्तों के साथ डाबरा चौक पर रेडी वालों के पास आइसक्रीम खाता है। 8 अगस्त की रात को करीब 11 बजे हॉस्पिटल से निकलने के बाद वह डाबड़ा चौक पहुंचा और उस दिन उसका कोई भी दोस्त उसके साथ नहीं था। डाबड़ा चौक पर खड़े होकर वह रेहड़ी वालों के आने का इंतजार करने लगा क्योंकि टाउन पार्क से भीड़ कम होने के बाद रेहड़ी वाले डाबड़ा चौक के रास्ते अपने-अपने घर जाते हैं। इसी दौरान एक काले रंग की कार आकर रूकती है और उसमें सवार एक युवक Aadhar Hospital Hisar address पूछने लगता है। वह अपना मोबाइल फोन हाथ में लिए हुए था तो युवक ने कहा कि उसे सुनाई नहीं दिया जरा पास आकर बता। जब वह गाड़ी के नजदीक जाकर आधार अस्पताल का एड्रेस बताने लगा तो गाड़ी सवारी युवक ने उसका मोबाइल फोन छीनकर अपनी गाड़ी के पीछे की सीट पर फेंक दिया।
अजय ने आरोप लगाते हुए बताया कि जब वह उसकी गाड़ी के पीछे की खिड़की खोलकर अपना मोबाइल उठाने लगा तो गाड़ी चालक ने अब गाड़ी के खिड़कियां लॉक कर दी और गाड़ी लेकर तोशाम रोड की तरफ चल दिया। आधार हॉस्पिटल के पास से गाड़ी में दो युवक और सवार हुए और उसके साथ मारपीट करने लगे। उन्होंने उसकी जेब में रखे 13000 रुपए की नगदी निकाल ली और मोबाइल फोन का यूपीआई का पासवर्ड पूछने लगे जब उसने मना किया तो उसके साथ दोबारा फिर उन्होंने मारपीट की। उनकी प्रताड़ना से तंग आकर उसने अपना यूपीआई पासवर्ड ( UPI password) बता दिया तो उसमें पैसे कम मिले।
अजय ने बताया कि उसके बाद वह बदमाश मारपीट करते हुए कहने लगे कि अपने घर पर फोन मिला और वहां से पैसे मंगवा। उसने अपने घर पर फोन किया लेकिन रातअधिक होने के कारण घर वालों में फोन रिसीव नहीं किया। उसके बाद उन्होंने उसके फोन की कॉल हिस्ट्री चेक की तो उसमें उसके जीजा का फोन नंबर देकर कहा कि अपने जीजा से फोन कर बोल कि मेरे दोस्त का एक्सीडेंट हो गया है और अर्जेंट में पैसे की जरूरत है। इसके लिए उन्होंने अपने यूपीआई ऐड्रेस का बारकोड मेरे मोबाइल के व्हाट्सएप से मेरे जीजा के पास व्हाट्सएप कर दिया। अजय ने बताया कि उसके जीजा ने दो बार ट्रांजैक्शन कर 20000 पर उनके पास भेज दिए।
अजय नया आरोप लगाते हो कहा कि तीनों युवक उसके साथ मारपीट करते हुए गंगवा गांव के बस स्टैंड पास ले गए और वहां पर सुनसान जगह देखकर उसे छोड़कर मौके से फरार हो गए। जब उसने गाड़ी के नंबर देखने का प्रयास किया तो गाड़ी के नंबरों पर गोबर लिपा हुआ था, लेकिन उसे इतना जरूर समझ में आया कि गाड़ी राजस्थान नंबर की है। तुरंत बाद उसने डायल 112 पुलिस टीम को सूचित किया तो पुलिस टीम मौके पर पहुंची और इस वारदात की सूचना पुलिस को दी।
अजय ने बताया कि उसकी मदद करने के लिए सेक्टर 9/11 थाना प्रभारी बलबीर सिंह पूनियां मौके पर पहुंचे और उसे पुलिस स्टेशन ले जाकर उसकी आपबीती सुनी। थाना प्रभारी ने उसके घर वालों को पुलिस स्टेशन बुलाया और अजय के साथ कोई वारदात के बारे में उसके परिजनों को अवगत करवाया। पुलिस ने अजय की शिकायत पर कार्रवाई करते हुए तीन बदमाशों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

कोई टिप्पणी नहीं
Thanks