आयुर्वेद को अपनाना आज हमारी जरूरत : राजेश संदलाना | Adoption of Ayurveda is our need today: Rajesh Sandlana
Adoption of Ayurveda is our need today: Rajesh Sandlana-
बरवाला में ‘रन फॉर आयुर्वेदा’ दौड़ में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित हुए कांग्रेस नेता राजेश संदलाना
हिसार : बरवाला के निकट स्थित नेशनल कॉलेज ऑफ आयुर्वेदा के छात्रों ने आज ‘रन फॉर आयुर्वेदा’ मुहिम के तहत एक दौड़ का आयोजन किया गया। इस दौड़ में कॉलेज के छात्रों ने लोगों को आयुर्वेद, फास्ट-फूड के नुकसान व सेहतमंद खान-पान के प्रति जागरुक किया। इस दौड़ में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य एवं बरवाला से वरिष्ठ कांग्रेस नेता राजेश संदलाना मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए जिन्होंने छात्रों को मशाल थमा कर दौड़ कर शुभारंभ किया। इस मौके पर कॉलेज के निदेशक कृष्ण दुहन व प्रिंसिपल डॉ. प्रसाद उपस्थित रहे।राजेश संदलाना ने कहा कि क्षेत्र में आयुर्वेद का इतना बड़ा कॉलेज होना पूरे बरवाला क्षेत्र के लिए खुशी की बात है। नेशनल कॉलेज ऑफ आयुर्वेदा आयुर्वेद के क्षेत्र में शिक्षा ग्रहण करने वाले छात्रों के लिए एक उत्तम शिक्षा केंद्र है। जहां से शिक्षा ग्रहण करके छात्र आयुर्वेद को जन-जन तक पहुंचाने का काम करेंगे इसकी मुझे पूरी उम्मीद है। नेशनल कॉलज ऑफ आयुर्वेदा आयुर्वेद के कोर्स करने के लिए एक उत्तम संस्थान है। उन्होंने कॉलेज निदेशक कृष्ण दुहन, प्रिंसिपल डॉ प्रसाद व स्टाफ सदस्यों व छात्रों की आर्युवेद के प्रति जागरुकता के लिए ‘रन फॉर आयुर्वेदा’ दौड़ आयोजित करने के लिए बधाई दी व प्रशंसा की।
Haryana news WhatsApp channel link ko follow kre
संदलाना ने कहा कि आज जिस प्रकार से हमारा खान-पान है, फास्ट-फूड व पौष्टिकता से रहित खाना खाने से बीमारियां बढ़ रही हैं उसे देखते हुए आयुर्वेद को अपनाना हम सबकी जरूरत हो गई है। एलोपैथी का उपचार एक बीमारी में फायदा करता है तो दूसरा उसके साइड इफेक्ट सामने आते हैं लेकिन हमारी प्राचीन पद्धति आयुर्वेद आज भी गंभीर एवं लाईलाज बीमारियों मेें बहुत प्रभावी है। तुरंत उपचार के चलते हमने अंग्रेजी दवाओं को अपना तो लिया लेकिन अंग्रेजी दवाएं हमारे शरीर को नुकसान भी पहुंचाती हैं। इसलिए हमें सम्पूर्ण स्वास्थय के लिए आयुर्वेद की ओर ही मुडऩा होगा। हमारे ऋषि-मुनियों ने हजारों सालों तक अनुसंधान करके जिन औषधियों और जड़ी-बूटियों को खोजा था वे आज भी मानव के स्वास्थय के लिए उत्तम हैं। उन्होंने दौड़ में सभी को आयुर्वेद अपनाने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर राजेश संदलान के साथ ईश्वर बूरा व राममेहर पंघाल आदि भी मौजूद रहे।

कोई टिप्पणी नहीं
Thanks