स्वतंत्रता दिवस स्पेशल पेज


 

Breaking News

नारनौंद: किसान की अनदेखी करना नायब तहसीलदार को पड़ा भारी, मुख्यमंत्री ने किया सस्पेंड

 Narnaund: Ignoring the farmer cost Naib Tehsildar, Chief Minister suspended

खेवट अलग करने की रिपोर्ट में जानबूझकर कर रहा था देरी, सीएम कार्यालय के आदेशों को भी कर दिया था नजर अंदाज 



तहलका न्यूज, नारनौंद, सुनील कोहाड़। 


किसान द्वारा अपनी जमीन की खेवट अलग करवाने को लेकर दी गई अर्जी पर कार्रवाई करने में ढिल बरतने के मामले में मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कड़ा से संज्ञान लिया है। इस मामले में मुख्यमंत्री ने खेड़ी चोपटा उपतहसील के नायब तहसीलदार को सस्पेंड कर उसके खिलाफ विभाग के कार्रवाई करने की तैयारी कर ली है। नायब तहसीलदार ने सीएम की निर्देशों का भी अवहेलना की , जिसके बाद उस पर यह गाज गिरी है। 




हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल के ओएसडी भूपेश्वर दयाल ने बताया कि हिसार जिले के गांव गामड़ा के किसान प्रेमजीत ने सन्  2022 में सीएम विंडो पर शिकायत दर्ज कराई थी कि उसके पिता महावीर व परिवार के अन्य सदस्यों की जमीन की खेवट एक साथ है। जबकि जमीन जो हिस्सों में बटी हुई है। खेवट सांझ होने के कारण जमीन संबंधित कार्रवाई करने में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। किसान के मुताबिक उन्होंने जमीन की खेवट अलग करने के लिए खेड़ी जालब स्थित उपतहसील में अर्जी दाखिल की थी। 






ये भी पढ़ें : हिसार जिले में करंट लगने से किसान की मौत, पिता की पहले ही हो चुकी है मौत 

31 जनवरी को पोर्टल पर कार्रवाई की रिपोर्ट अपलोड कर दी गई थी उसके बाद कानून को नो हिस्सों में बड़ी जमीन के अलग-अलग नक्शे बनाने के उपरांत दक्षिण की गई फाइल को नायब तहसीलदार द्वारा अंतिम फैसला लेने की बात कही गई थी।


ये भी पढ़ें : नारनौंद में शराब ठेकेदार पर जानलेवा हमला करने के 3 आरोपी गिरफ्तार

2 फरवरी 2023 को सीएम विंडो की तरफ से नायब तहसीलदार को आदेश दिए थे कि हल्का कानून को से अति शीघ्र नक्शा प्रस्तुत करें इसकी रिपोर्ट पर आगामी कार्रवाई पोर्टल पर अपलोड की जाए।  लेकिन खेड़ी जलाव के नायब तहसीलदार सुरेश कुमार ने इन आदेशों की अवहेलना करते हुए इन्हें नजर अंदाज कर दिया और 16 अप्रैल 2023 को पुरानी रिपोर्ट को ही दोबारा से पोर्टल पर अपलोड कर दी। 





मुख्यमंत्री के ओएसडी भूपेश्वर दयाल ने बताया कि शिकायतकर्ता किस की समस्या का समाधान करने के बजाय तहसीलदार ने इस मामले को जानबूझकर लंबा खींचा गया और उसकी ये बात कार्रवाई से साबित भी हो गई। इसके साथी उन्होंने सीएम कार्यालय के आदेशों की भी अनदेखी की। इस मामले पर खड़ा संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने नायब तहसीलदार सुरेश कुमार को सस्पेंड कर उनके खिलाफ सर्विस रूल 7 के मुताबिक विभागीय कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं।


ये भी पढ़ें - कोथ कलां मठ के महंत व अन्य पर हमला, लूट की वारदात को अंजाम देकर बदमाश फरार, एक को लोगों ने मौके पर दबौचा 



कोई टिप्पणी नहीं

Thanks

Home; | DMCA; | Disclaimer; | Privacy Policy; | About Us; | Contact Us; |