CET exam 2022: तकनीकी कारणों से परीक्षा नहीं दे पाए हैं तो घबराएं नहीं, आज मिल सकता है चांस !
Photo by am
चंडीगढ़ : सुनील कोहाड़ / तहलका न्यूज
संयुक्त पात्रता परीक्षा के पहले दिन केवल 65 प्रतिशत ही परीक्षार्थी परीक्षा में बैठ पाए। क्योंकि बाकी बचे 35 प्रतिशत में से अधिकांश एडमिट कार्ड पर गलत जानकारी देने, फोटो मिसमैच होने सहित अन्य तकनीकी कारणों से परीक्षा नहीं दे पाए। वहीं गांव से संबंधित काफी परीक्षार्थी समय पर परिवहन सुविधा उपलब्ध नहीं होने के कारण समय पर नहीं पहुंच पाए। जिसके कारण 35 प्रतिशत परीक्षार्थी परीक्षा नहीं दे पाए। तकनीकी कारणों से जो परीक्षार्थी परीक्षा नहीं दे पाए उनको रविवार शाम की शिफ्ट में दौबारा से मौका देने की दिशा में आयोग ने तैयारी कर ली है।
संयुक्त पात्रता परीक्षा (सीईटी) का शनिवार को पहले दिन था। करीब 65 प्रतिशत अभ्यर्थी ही परीक्षा में हाजिर हो पाए। शेष 35 प्रतिशत परीक्षा से वंचित रहे। परीक्षा में हाजिरी कम होने के कई कारण हैं। पहला तो रोडवेज बसों को लेकर अभ्यर्थियों में मारामारी रही। भीड़ के चलते या तो अभ्यर्थियों को जगह नहीं मिली या फिर वह समय पर पहुंच नहीं पाए। इसके अलावा, हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग और एनटीए की तकनीकी खामियों के चलते अभ्यर्थियों को गलत परीक्षा केंद्र अलॉट हो गए। तीसरा, फीस को लेकर भी काफी संख्या में अभ्यर्थियों को रोल नंबर जारी नहीं हुआ।
हिसार की अनुराधा ने बताया कि वह शनिवार को कैथल में सीईटी का परीक्षा देने के लिए आई थी। जहां पर उसके एडमिट कार्ड में डिटेल्स न मिलने के कारण उसे परीक्षा केंद्र से बाहर कर दिया। उसने आरोप लगाते हुए कहा कि उसने अपना आवेदन बिल्कुल सही तरीके से पूरी डिटेल चैक करने के बाद भरा था। जिसका बाकायदा प्रिंट उसके पास है। इसमें उसकी पूरी डिटेल सही है। आज जब वह एग्जाम सेंटर में पहुंची तो वहां पर चेकिंग के दौरान उसके डेटा से बायोमेट्रिक मैच हो गई और उसको अंदर जाने दिया गया। वह एग्जाम हॉल में पहुंची तो वहां पर सुपरवाइजर ने उसको उसके आई कार्ड के साथ उसकी डिटेल न मिलने का हवाला देकर उसको एग्जाम सेंटर से बाहर निकाल दिया।
शनिवार सुबह से ही परीक्षार्थी बस अड्डों पर पहुंच गए थे। बसों को लेकर जबरदस्त मारामारी रही। सीट बुकिंग और प्रवेश पत्र दिखा निशुल्क यात्रा के दोनों विकल्प होने के चलते बुकिंग सिस्टम फेल हो गया। परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने के लिए अभ्यर्थियों को बड़ी समस्याओं का सामना करना पड़ा। वहीं बड़े शहरों से दूर दराज के परीक्षार्थी दोपहर तक गांव के बस स्टैंड पर बस के आने का इंतजार करते रहे। बसें तो आई, लेकिन गांव के छोटे से स्टोपिज पर किसी भी बस चालक ने परीक्षार्थियों को बैठाने की हिम्मत नहीं दिखाई। आखिरकार दोपहर तक इंतजार करने के बाद मायूस होकर अपने घरों को लौटने के लिए मजबूर हो गए।
सुबह से ही परीक्षार्थी बस अड्डों पर पहुंच गए थे। बसों को लेकर जबरदस्त मारामारी रही। सीट बुकिंग और प्रवेश पत्र दिखा निशुल्क यात्रा के दोनों विकल्प होने के चलते बुकिंग सिस्टम फेल हो गया। परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने के लिए अभ्यर्थियों को कड़ी परेशानी का सामना करना पड़ा। अंबाला में जो स्कूल सेंटर ही नहीं बनाया था, उसका पता प्रवेश पत्र पर दिया गया, जिससे अभ्यर्थियों को परेशानी हुई और जमकर हंगामा भी किया। इसी प्रकार, हांसी में बनाए परीक्षा केंद्रों का पता हिसार का दिखा गया, इससे भी काफी संख्या में अभ्यर्थी परीक्षा केंद्रों तक नहीं पहुंच पाए। सीईटी से काफी संख्या में अभ्यर्थियों का वंचित रहा गंभीर बात है, क्योंकि पिछले दो साल से इसका इंतजार कर रहे थे और आंदोलन तक करना पड़ा था।
सीईटी के पहले दिन परीक्षार्थियों को आई परेशानी का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि आयोग की ओर से जारी किए गए 18005728997 नंबर पर दिन भर परीक्षार्थियों ने खूब फोन किए। क्योंकि पहले ही दिन पांच हजार से अधिक फोन काल आई। जिनमें अधिकतर परीक्षार्थियों की समस्या नाम, फोटो में गलती और फोटो का मिलान ना होने की समस्या दिन भर जी का जंजाल बनी रही। ऐसे परीक्षार्थियों ने भी टोल फ्री नंबर पर फोन किए जिनकी फीस तो जमा करा दी गई लेकिन पोर्टल पर नहीं शो हो रही थी , जिस कारण उनको रोल नंबर ही जारी नहीं किए गए। वहीं, गलत परीक्षा केंद्र जारी होने से परेशान अभ्यर्थी अपने परीक्षा केंद्र के बारे में जानकारी लेते रहे।
दोबारा मौका देने की तैयारी
हरियाणा सरकार अब उन परीक्षार्थियों को मौका देने की तैयारी में है, जो हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग और एनटीए की खामियों के चलते परीक्षा नहीं दे पाए। संभावना जताई जा रही है कि रविवार शाम की शिफ्ट में इनको परीक्षा का मौका दिया जा सकता है। शनिवार देर रात इस पर अंतिम फैसला लेकर परीक्षार्थियों को मोबाइल या फिर मेल के माध्यम से इसकी सूचना दी जाएगी। हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग के अध्यक्ष भोपाल सिंह खदरी ने पुष्टि करते हुए कहा कि तकनीकी खामियों के कारण जो परीक्षार्थी परीक्षा में नहीं बैठ पाए हैं, उनको दोबारा परीक्षा दिलाने का मौका देने के लिए आयोग की तरफ से कोशिश की जा रही है। जबकि अंतिम फैसला एनटीए को ही लेना है।
पहले दिन
562795 के बैठने के लिए 658 स्कूलों में बनाए गए 1200 केंद्र
रोड़वेज की तरफ से चलाई गई 4500 बसें
दो शिफ्टों में 364044 परीक्षार्थी पहुंचे, 198751 रह गए।
सुबह के सत्र में 282400 में से 182300
शाम के सत्र में 280395 में से 181744 ने परीक्षा दी।
Haryana cet exam 65 Percent Candidates Appear In Combined Eligibility Test fo examination centers, Hindi news haryana, latest news Haryana, CET exam latest news,

कोई टिप्पणी नहीं
Thanks