उचाना के पिछड़ेपन के जिम्मेदार पूर्व मंत्री बीरेंद्र सिंह - खटकड़
विकास के मामले में उचाना पिछड़ेपन का जिम्मेदार पूर्व केंद्रीय मंत्री बीरेंद्र सिंह -- अनुराग खटकड़
उचाना/संवाददाता - पवन डाहौला
उचाना विकास संघर्ष समिति के प्रधान अनुराग खटकड़ ने कहा कि पूर्व केंद्रीय मंत्री चौधरी बीरेंद्र सिंह अपने 50 साल राजनीति सफर पूरे होने के पर एक जनवरी को कार्यकर्ताओं की एक बैठक बुलाकर उचाना में जल्द ही एक रैली करने का फैसला लेंगे । खटकड़ ने कहा कि पूर्व केंद्रीय मंत्री चौधरी बीरेंद्र सिंह के राजनीति इतिहास में 50 साल पूरे होने पर भी उचाना का कोई विकास नही हुआ । आज भी लोगों को इंतजार है उचाना में बस स्टैंड,पार्क,फैक्टरी,युवाओं के लिए बडे कोचिंग संस्थान की,उच्च शिक्षा के लिए विश्वविद्यालय,खेलों को बढावा देने के लिए कोच और स्टेडियम की,युवाओं को रोजगार,स्वास्थ्य सेवाएं जैसी अनेक सुविधाओं का।
इसके बावजूद भी पूर्व केंद्रीय मंत्री लोंगों को गुमराह करते रहते है क्षेत्र विकास के नाम पर । खटकड़ ने कहा कि बीरेंद्र सिंह को चाहियें की उचाना में रैली कर पिछड़ेपन की जिम्मेदारी ले और लोंगों से माफी मांगे और भविष्य में परिवार सहित राजनीति छोड़ने की घोषणा करें ।उन्होंने कहा कि क्षेत्र के लोंगों ने कोई कसर नही छोड़ी उनको राजनीति में आगे बढाने की लेकिन पूर्व मंत्री की सोच केवल खुद के परिवार को आगे बढाने और उनका विकास करने की रही है । उन्होंने कहा किसान आंदोलन के चलते 750 किसानों की शहादत होने के बावजूद भी उनका सांसद बेटा भाजपा की गौध में चिपका बैठा रहा । इससे यही प्रतीत होता है कि उनकों चौधरी छोटूराम की नीतियों व किसानों से कोई लेना देना नही है । उन्होंने कहा कि अगर बीरेंद्र सिंह ने हल्का का विकास किया होता तो आज क्षेत्र से बाहर के लोग उचाना में आकर अपनी चौधर नही करते ।
लेकिन अब आगे ऐसा नही होगा क्योंकि उचाना का युवा आज जागरूक हो चुका है अब इस प्रकार के नेताओं की पोल खोलने का काम युवा करेंगे । उचाना विकास संघर्ष समिति की और से सरकार की पोल खोल अभियान चलाया हुआ है जो गांव गांव जाकर लोंगों को जागरूक कर रहें है। इस अवसर पर उचाना की जनता को बतया जा रहा है कि कैसे राजनेता उनका वोट लेकर वह चुनाव जीत जाते है और उसके बाद वह दिल्ली चंडीगढ़ में जाकर लोंगों को भूल जाते है ।

कोई टिप्पणी नहीं
Thanks