सरपंचों ने भैंस के आगे बजाई बीन, विधायकों और सांसदों के घरों के बाहर सरपंचों का अनोखा प्रदर्शन, ट्रैनिंग कैंप में नहीं पहुंचे सरपंच |
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तहलका न्यूज हिसार / सुनील कोहाड़
हरियाणा सरकार की ई टेंडरिंग के खिलाफ प्रदेश भर के सरपंच आंदोलन कर रहे हैं। इसी कड़ी में मंगलवार को प्रदेश के भाजपा बसपा समर्थित 58 विधायकों पर आवास के बाहर सरपंचों ने धरना प्रदर्शन किया वही हिसार में सरपंचों ने डिप्टी स्पीकर रणबीर गंगवा के आवास पर भैंस के आगे बीन बजाकर अनोखे अंदाज में प्रदर्शन किया। सरपंचों द्वारा विधायकों के आवासों के घेराव करने की सूचना जैसे ही पुलिस को मिली तो सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हुए थे।
आपको बता दें कि हरियाणा सरपंच एसोसिएशन की मीटिंग रविवार को आयोजित की गई थी। इस मीटिंग में एसोसिएशन ने फैसला लिया था कि हरियाणा की भाजपा जजपा गठबंधन सरकार को समर्थन देने वाले 58 विधायकों के आवासों के सामने 7 फरवरी से सरपंच धरना प्रदर्शन करेंगे। ताकि प्रदेश की गूंगी बहरी सरकार तक उनके अधिकारों की मांग सरकार के कानों तक पहुंच सके। यदि फिर भी सरकार ने उनकी मांगे नहीं मानी तो एक दिन ट्रैक्टर मार्च निकाला जाएगा और उसके बाद हरियाणा विधानसभा का घेराव किया जाएगा। एसोसिएशन ने कहा कि सरकार के द्वारा सरपंची के लिए एक ट्रेनिंग प्रोग्राम का आयोजन करवाया जाएगा, जिसका सरपंच बायकॉट करेंगे। उन्होंने कहा कि जब तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया जाता तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।
मंगलवार को प्रदेश के भाजपा-जजपा और निर्दलीय विधायकों के आवासों के बाहर धरना प्रदर्शन किया गया। सरपंच अपनी मांगों को लेकर पिछले काफी दिनों से अपने अपने खंड स्तर पर BDPO कार्यालय में लगातार धरने पर बैठे हुए हैं।
ज्ञात रहे कि सोमवार को डीआरडीए हाॅल में सरपंचों के लिए तीन दिवसीय ट्रेनिंग कार्यक्रम शुरू किया गया है। लेकिन जिले जींद के 300 में से एक भी सरपंच ट्रेनिंग में नहीं पहुंचा। पूरे दिन पंचायत विभाग के कर्मचारी और अधिकारी सरपंचों के आने का इंतजार करते रहे लेकिन कोई भी सरपंच ट्रेनिंग में नहीं पहुंचा। बता दें कि पंचायत विभाग द्वारा सोमवार से सरपंचों के लिए तीन दिवसीय ट्रेनिंग रखी गई थी।
जींद ब्लॉक एसोसिएशन की प्रधान प्रीति देवी मनोहरपुर ऋषिपाल हैबतपुर, सुनील सहित सरपंचों ने कहा कि जब तक ई-टेंडरिंग और राइट टू रिकाॅल का फैसला सरकार वापस नहीं लेती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। सरपंच प्रीति मनोहरपुर ने ऐलान किया कि मंगलवार और बुधवार को आयोजित होने वाली सरपंच ट्रेनिंग कार्यक्रम में एक भी सरपंच नहीं जाएगा। गांवों में विकास कार्य रुके हुए हैं और सरकार व पंचायत मंत्री देवेंद्र बबली अपनी हठ पर अड़े हुए हैं। उन्हें गांव के विकास के लिए सरपंचों की मांगों को पूरा कर देना चाहिए। वहीं 25 लाख तक के कार्य ऑफलाइन यानि बिना टेंडर के किए जाएं और इनकी पावर सरपंचों के पास होनी चाहिए। इसके अलावा सरपंचों का मानदेय बढ़ाकर 25 हजार रुपए प्रति माह किया जाए।।
अग्रोहा BDPO कार्यालय में सरपंचों ने भैंस के आगे बीन बजाई। सरपंच रवि ने बताया कि सरकार की नीतियों के विरोध में धरना दे रहे हैं। सरकार उनकी आवाज को दबाने के लिए तरह तरह के हथकंडे अपना रही है। इसलिए भैंस को बीडीपीओ कार्यालय पर लाकर उसके सामने बीन बजाई। सरपंचों ने इसके बाद पंचायत मंत्री देवेंद्र बबली का पुतला फूंका और सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए जमकर प्रदर्शन किया ।

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